Tuesday , February 7 2023

योगी ने दूसरी बार मुख्यमंत्री पद की ली शपथ, दिनेश शर्मा सहित इन मंत्रियों का कटा टिकट

लखनऊ. राजधानी लखनऊ के इकाना स्टेडियम में योगी आदित्यनाथ ने दूसरी बार मुखयमंत्री पद की शपथ ली। उनके साथ ही 52 मंत्रियों ने शपथ ली, जिनमें 02 डिप्टी सीएम (केशव प्रसाद मौर्य, बृजेश पाठक) सहित 18 कैबिनेट मंत्री, 14 राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार और 20 राज्यमंत्री बनाये गये हैं। 70 हजार की क्षमता वाले खचाखच भरे स्टेडियम में मंत्रियों ने शपथ ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह और राजनाथ सिंह सहित मोदी के सरकार के तमाम मंत्री व बीजेपी शासित प्रदेशों के मुख्यमंत्री मौजूद रहे। सभी ने योगी और उनके मंत्रियों को शुभकामनाएं दीं। पूर्व डिप्टी सीएम डॉ. दिनेश शर्मा के अलावा श्रीकांत शर्मा, सतीश महाना, नीलकंठ तिवारी, सिद्धार्थ नाथ सिंह, जयप्रताप सिंह पटेल, सतीश महाना, मोहसिन रजा और आशुतोष टंडन को योगी सरकार में दोबारा मौका नहीं दिया गया है।

कैबिनेट मंत्री
सूर्य प्रताप शाही, सुरेश कुमार खन्ना, स्वतंत्र देव सिंह, बेबी रानी मौर्य, लक्ष्मी नारायण चौधरी, जयवीर सिंह, धर्मपाल सिंह, नंद गोपाल गुप्ता नंदी, भूपेंद्र सिंह चौधरी, अनिल राजभर, जितिन प्रसाद, राकेश सचान, अरविंद कुमार शर्मा, योगेंद्र उपाध्याय, आशीष पटेल, संजय निषाद।

राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार)
नितिन अग्रवाल, कपिल देव अग्रवाल, रवीन्द्र जायसवाल, संदीप सिंह, गुलाब देवी, गिरीश चंद्र यादव, धर्मवीर प्रजापति, असीम अरुण, जेपीएस राठौर, दयाशंकर सिंह, नरेंद्र कश्यप, दिनेश प्रताप सिंह, अरुण कुमार सक्सेना, दयाशंकर मिश्र दयालु।

राज्य मंत्री
मयंकेश्वर सिंह, दिनेश खटिक, संजीव गौड़, बलदेव सिंह ओलख, अजीत पाल, जसवंत सैनी, रामकेश निषाद, मनोहर लाल मन्नू कोरी, संजय गंगवार, बृजेश सिंह, केपी मलिक, सुरेश राही, सोमेंद्र तोमर, अनूप प्रधान, प्रतिभा शुक्ला, राकेश राठौर, रजनी तिवारी, सतीश शर्मा, दानिश आजाद अंसारी, विजय लक्ष्मी गौतम

दानिश अली इकलौते मुस्लिम मंत्री
योगी आदित्यनाथ के करीबियों में शुमार दानिश आजाद अंसारी को योगी मंत्रिमंडल में शामिल किया है। उन्हें राज्यमंत्री बनाया गया है, जबकि योगी के पहले कार्यकाल में मंत्री रहे मोहसिन रजा को मंत्रिमंडल से छुट्टी कर दी गई है। दानिश आजाद बलिया के बसंतपुर के रहने वाले हैं। दानिश आजाद का नाम भले ही सुनने में नया लग रहा है लेकिन वो भाजपा के साथ काफी वक्त से जुड़े हुए हैं। मदरसों की बदहाली को सुधारने के लिए उन्होंने आवाज बुलंद की थी।