Tuesday , February 7 2023

5 साल दलितों-पिछड़ों को सिर्फ जुमले सुनाते रही योगी सरकार, और अब चुनाव आते ही… : यूपी कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष

लखनऊ. यूपी कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने योगी सरकार को दलित पिछड़ा विरोधी बताते हुए दलित के घर खिचड़ी खाने को महज वोट की राजनीति का स्टंट बताया है। उन्होंने कहा पांच साल तक योगी सरकार पूरे प्रदेश में दलितों को प्रताड़ित करती रही, उनके साथ भेदभाव, हिंसा तक की घटनाएं हुई हैं, लेकिन कार्रवाई के बजाय यह सरकार दलितों, पिछड़ों को सिर्फ जुमले सुनाते रहे और कोरे वादे करते रहे। 69,000 शिक्षक भर्ती घोटाले में योगी सरकार ने दलितों और पिछड़ों को मिले सांविधानिक अधिकारों को छीन लिया है और बेरोजगार लाखों अभ्यर्थी सड़कों पर आंदोलनरत हैं, लगातार योगी सरकार उनके दमन के हथकंडे अपना रही है।

अजय लल्लू ने कहा कि “यूपी में जितने भी रेप के मामले हैं उन्हें फास्ट ट्रैक कोर्ट में 15 से एक महीने के भीतर निपटाया जाएगा” ये वादा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दो साल पहले किया था। लेकिन बहुचर्चित हाथरस कांड की बलात्कार पीड़ित युवती की मौत को 29 सितंबर को एक साल पूरा हो रहा है, मगर अभी तक उसका परिवार न्याय के लिए लड़ाई लड़ रहा है। लल्लू ने कहा कि परिवार ने अपनी बेटी की अस्थियां अभी तक सम्भाल कर रखी हुई हैं, परिवार कह रहा है कि जब तक न्याय नहीं मिलेगा, अस्थियों का विसर्जन नहीं करेंगे। न्याय मिलने में देरी भले हो रही हो लेकिन याद कीजिए यूपी सरकार की पुलिस ने लड़की का अंतिम संस्कार करने में कोई देर नहीं लगाई थी, परिवार को शव सौंपने के बजाए आधी रात में ही आनन-फानन में जला डाला था।

इसलिए भाजपा छोड़कर जा रहे हैं पिछड़े-दलित’
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि पिछड़े, दलित, गरीब समाज ने भाजपा को पूरी तरह से नकार दिया है, इसलिए मंत्री और विधायक भाजपा छोड़कर जा रहे हैं। भाजपा सरकार ने 2019 वादा किया था कि जनगणना के साथ जातीय जनगणना भी कराई जाएगी। संसद में खुलेआम जाति जनगणना मोदी सरकार ने नकार दिया। इसका खामियाजा उसे यूपी विधानसभा चुनाव में जरूर भुगतना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि 69 शिक्षक भर्ती घोटाले में योगी सरकार ने दलितों और पिछड़ों को मिले सांविधानिक अधिकारों को छीन लिया है। बेरोजगार लाखों अभ्यर्थी सड़कों पर आंदोलनरत हैं, लगातार योगी सरकार उनके दमन के हथकंडे अपना रही है।

लल्लू ने बताया- किन मामलों में नंबर वन है बीजेपी
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में साल 2020 में एससी/एसटी के खिलाफ हुए अपराधों के सबसे अधिक 12,714 मामले (25.2 प्रतिशत) उत्तर प्रदेश से थे। देश में हर दिन होने वाले अपराधों को लेकर नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो की ओर से ताजा आंकड़ा जारी किया गया है, जिसमें कहा गया है कि साल 2020 में दलितों और आदिवासियों के खिलाफ अपराध में बढ़ोतरी हुई है। इन दो समुदायों के खिलाफ यूपी और मध्य प्रदेश में अपराध के सबसे ज्यादा मामले सामने आए हैं। उन्होंने कहा, अब चुनाव का समय आया है, तो दलितों को बरगलाने के लिए, उनके घर खिचड़ी भोज जैसे आयोजन करते हैं। इसके बाद उन दलितों की तस्वीरों को मीडिया के माध्यम से प्रसारित कराया जाता है। दलितों के लिए जमीनी स्तर पर काम करने के बजाय ऐसे चुनावी स्टंट और दलित और पिछड़ों का उपहास करने जैसा है। योगी सरकार में मामला चाहे महिलाओं की सुरक्षा का हो, दलितों के उत्पीड़न का हो, मानवाधिकार हनन का हो, हिरासत में मौत का हो, हत्या का हो, या नागरिक अधिकारों के हनन का योगी सरकार में उत्तर प्रदेश नंबर वन बन चुका है।